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4/05/2021

क्रोध पर कैसे काबू पाएं? गुस्सा करना कैसे छोड़े

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क्रोध पर कैसे काबू पाएं? गुस्सा करना कैसे छोड़े?

क्रोध पर कैसे काबू पाएं, ऐसा क्या करे की हमे क्रोध ना आये, क्रोध पर काबू पाने के तरीके क्या है, क्रोध पर विजय कैसे पाएं? क्रोध आने के कारण क्या है, गुस्सा करना कैसे छोड़े, गुस्से से अपने आप को दूर कैसे रखे।

नमस्ते दोस्तों स्वागत है आपका हमारे इस आज के नए article में आज के इस article में बात करने वाले हैं क्रोध की जो हमारे जीवन का सबसे बड़ा दुश्मन है, इंसान क्रोध के चलते अँधा हो जाता है उसे सही और गलत में फर्क ही नहीं समझ में आता क्रोध के चलते उसे सब कुछ गलत ही लगता है चाहे सामने वाला इंसान कितना ही सही और अच्छा ही क्यों न हो क्रोध ही इंसान के विनाश का कारण बनता है महाभारत में भी शकुनि ने अपनी बहन के प्यार में उसकी ही गृहस्ती को बर्बाद कर दिया था अपनी ही बहन के बच्चो की क़ुरबानी दे दी थी। क्रोध से कभी भी किसी का अच्छा नहीं हुआ है क्रोध से बनने वाला काम भी बिगड़ता है। क्रोध एक ऐसी आग है जिस पर जल्दी काबू ना पाया जाये तो सब जल के भस्म हो जाता है। अगर आप को भी अपने जीवन में क्रोध आता है तो आप इस article को पूरा पढ़े इस article में हम बात करंगे की क्रोध पर कैसे काबू पाएं, अपने क्रोध पर विजय कैसे पाएं? ऐसा क्या करे की हमे क्रोध ना आये, क्रोध पर काबू पाने के तरीके क्या है, क्रोध आने के कारण क्या है, गुस्सा करना कैसे छोड़े, गुस्से से अपने आप को दूर कैसे रखे, और गुस्से को दूर भगाने के तरीके क्या है। तो आप हमारे साथ बने रहे तो चलिए बिना आपका समय खराब किये शुरू करते हैं।

क्रोध या गुस्से को दूर भागने के कुछ तरीके 

1. गहरी सांस ले और अच्छे समय को याद करे

जब आपको कभी भी किसी पर भी गुस्सा आये तो आपको बस छोटा सा आसान सा काम करना है और वह काम यह है कि जब भी आपको गुस्सा आये तो आपको एक गहरी सास लेनी है इससे आपके दिमाग में जो गलत हलचल होगी वो भी शांत हो जायेगी और आपका दिमाग जो क्रोध की वजह से रुक गया है वो भी चलाने लगेगा और गहरी सांस लेने के बाद आपको अपने अच्छे समय को याद करना चाहिए जब आप बहूत खुश थे जो पल आपकी जीवन के रहस्यमय पल थे उन्हें याद करना चाहिए।

2. जिस पर गुस्सा है उसकी मासूमियत के बारे में सोचे

आपको कभी भी किसी पर भी गुस्सा आये तो आप उसकी मासूमियत के बारे में सोचे मान लीजिए कि आपको आपके बेटे पर गुस्सा आया है उसने आपकी कोई बात नहीं मानी या कोई बदमाशी की है तो आप उसकी गलती पर नहीं उसकी शरारतों पर ध्यान दे और याद करे की आप भी जब बच्चे थे तो आपने भी अपने माता पिता को बहुत तंग किया था उन दिनों को याद करे और ऐसे ही अगर आप बच्चे है और आपको अपने माता पिता पर किसी बात को लेकर गुस्सा हो तो आप उनके प्यार को याद करे कभी भी उनके सामने चील्ला कर बात न करे।

3. परमात्मा का नाम जपे

अपने क्रोध को शांत करने का एक और तरीका है और वह तरीका यह है कि जब भी आपको किसी पर गुस्सा आये तो चाहे वह गुस्सा किसी भी बात को लेकर ही क्यों न हो आपको बस शांति से बैठ जाना है और परमात्मा का नाम जपते जाना है आप चाहे तो अपने हाथों में मोतियों की माला को ले लीजिए और बस परमात्मा का नाम जपते जाये। ऐसा करने से आपका दिमाग एक दम शांत हो जायेगा और आपको अच्छा भी लगेगा। ऐसा करने से आपको परम्  आनंद मिलेगा।

4. क्रोध से होने वाले नुकसान को समझे

जब भी आपको किसी की गलती की वजह से क्रोध आये तो आप अपने गुस्से को उस पर निकलने से पहले यह समझ ले की आपका यह क्रोध आपके लिए नुकसान दायक साबित हो सकता है, आपको यह समझना चाहिए कि जो भी इंसान कोई न कोई गलती करता है तो वह जान बुज के वह गलती नहीं करता इंसान हैं कभी कभी गलती हो सकती है आप भी इंसान है आपसे भी गलती हो सकती है और क्रोध करने से उसका दिल तो टूटेगा ही और शायद आप की सेहत पर भी बुरा असर पड़ सकता है, इससे आपके दिल पर भी बुरा असर पड़ सकता आपकी धड़कन भी तेज हो सकती है जिससे आपको बीपी की तकलीफ शुरू हो सकती है और ज्यादा क्रोध करने से कई बार दिल का दौरा भी पड़ सकता है। इस लिए क्रोध न करे।

तो दोस्तों आप इन ऊपर दिए गए तरीको से अपना क्रोध कम कर सकते अपने गुस्से को छोड़ सकते हैं, और क्रोध के बारे में मै आपसे क्या बोलू क्रोध की अग्नी में हम और सामने वाला दोनों जलते है हमे क्रोध तो उन सब पर आता है जो कुछ ऐसी गलती करते है जो हमे पसंद नहीं आती या फिर कोई ऐसी बात करते हैं जो हमे बुरी लगे पर हमे अपना गुस्सा उस पर उतारते है जो हमसे कमजोर हो कभी भी हम अपना गुस्सा उस पर नहीं उतारते जो हमसे ताकतवर हो मान लीजिए की आपको अपने पिता पर किसी बात को लेकर कोई गुस्सा है तो आप वह गुस्सा अपनी माता पर उतरेंगे न की अपने पिता पर क्यो की हमारी माता हमसे कुछ कहेगी नहीं और पिता के सामने ऊंची आवाज में बात की तो दो थप्पड़ पड़ते हैं। पर हमें अपने गुस्से को किसी के ऊपर नहीं उतारना चाहिए और न ही उस गुस्से को पी जाना है बस किसी की बात गलत लगे तो उसको बताना चाहिए। तो दोस्तों यह था हमारा आज का article आपको हमारा यह article कैसा लगा हमे नीचे दिए comment box में comment करके जरूर बताएं और आपको यह article पसंद आया तो अपने दोस्तों के साथ शेयर भी जरूर करे, धन्यवाद।

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